भाजपा सरकार राहत के नाम पर सिर्फ कागजी घोड़े दौड़ा रही है- अखिलेश यादव

लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश में बाढ़ की भयानक आपदा के प्रति चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि शासन-प्रशासन को तत्काल बाढ़ पीड़ितों की मदद युद्धस्तर पर करना चाहिए। अभी तक मुख्यमंत्री सिर्फ हवाई सर्वेक्षण कर रहे हैं। जमीन पर कोई राहत नहीं पहुंच रही है।
 
बुन्देलखण्ड पूर्वांचल में बाढ़ ने तबाही मचा दी है। सैकड़ों गांवों में बाढ़ का पानी भर गया। हजारों हेक्टेयर फसल जलमग्न है। पशुओं के सामने चारे का संकट है। जलमग्न गांवों तक कोई सरकारी मदद नहीं पहुंची है। इटावा, जालौन, औरैया, प्रयागराज, कौशाम्बी, हमीरपुर, वाराणसी, लखीमपुर खीरी, सहित दर्जनों जिले बाढ़ से प्रभावित हैं। उत्तर प्रदेश की वर्तमान भाजपा सरकार ने बीते चार वर्षों में बाढ़ से निपटने की दिशा में कोई ठोस रणनीति नहीं बनाई। बारिश के पहले बंधों की मरम्मत और आपदा राहत का बंदरबांट हो गया। जिसके कारण बाढ़ की विभीषिका ने विकराल रूप ले लिया। बाढ़ में अपना सब कुछ खो चुके लोगों को कोई राहत नहीं मिली। फसलों के नुकसान से अन्नदाता की कमर टूट गयी है। गंगा, यमुना, बेतवा, शारदा, कुआनों समेत कई नदियों में जलस्तर बढ़ने से समीपवर्ती इलाके पानी में डूब गये हैं। 
 
अखिलेश यादव ने समाजवादी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं से अपील की है कि पूरी क्षमता से बाढ़ पीड़ितों की मदद में लग जाएं। समाजवादी पार्टी जनता का दुःख दूर करने के लिए प्रतिबद्ध है। उत्तर प्रदेश सरकार राहत के नाम पर सिर्फ कागजी घोड़े दौड़ा रही है। हवा-हवाई बयानों से भाजपा स्वयं अपनी पीठ ठोंक रही है। राहत शिविर में दुव्र्यवस्था फैली है। उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार ने अच्छे दिनों के नाम पर जनता के साथ धोखा किया है। भाजपा की नीतियां जनता के विरूद्ध है। संकट के समय भाजपा गायब हो जाती है। झूठे और भ्रामक विज्ञापनों के सहारे जनता को गुमराह कर लोकतंत्र पर कब्जा करना ही भाजपा का लक्ष्य है। जनता इस सच्चाई को जान गयी है।

Popular posts from this blog

स्वस्थ जीवन मंत्र : चैते गुड़ बैसाखे तेल, जेठ में पंथ आषाढ़ में बेल

मुख्य सचिव की अध्यक्षता में आॅनलाईन ट्रांसफर सिस्टम विकसित किये जाने की प्रगति की समीक्षा बैठक की गई संपन्न

एकेटीयू में ऑफलाइन परीक्षा को ऑनलाइन कराए जाने के संबंध में कुलपति को सौंपा गया ज्ञापन